प्रतापगढ़। बाबूपुर नरियावां निवासी अमित शुक्ला का नोटों के बंडल के साथ बनाया गया एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। अमित, अयोध्या राम मंदिर दान चोरी मामले में गिरफ्तार आरोपी अविनाश शुक्ला का भाई है। वीडियो सामने आने के बाद इसे लेकर तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। इसी बीच अयोध्या पुलिस और एसआईटी की ओर से मामले में परिवार के सदस्यों से भी पूछताछ किए जाने की बात सामने आ रही है।
राम मंदिर में दान राशि की गणना के दौरान रकम गायब किए जाने के मामले में अविनाश शुक्ला का नाम सामने आने के बाद उसे गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। इसके बाद अब प्रतापगढ़ में भी इस पूरे मामले की जांच होने की चर्चा है। इसी दौरान बुधवार से अमित शुक्ला का एक पुराना सोशल मीडिया रील वायरल होने लगा, जिसने मामले को लेकर नई बहस छेड़ दी है।
हाथ में नोटों के बंडल
बताया जा रहा है कि अमित शुक्ला भी अविनाश के साथ अयोध्या में रहता था। दावा किया जा रहा है कि यह रील अगस्त 2025 में बनाई गई थी और उसी समय सोशल मीडिया पर अपलोड भी की गई थी। अब राम मंदिर दान चोरी प्रकरण सामने आने के बाद यह वीडियो फिर से वायरल हो गया है।
वायरल रील में अमित शुक्ला के हाथ में नोटों के बंडल दिखाई दे रहे हैं। वीडियो में भोजपुरी गीत “पैसा के पूजा होत पैसा बा, भगवान हो का” भी लगाया गया है। इसी वजह से सोशल मीडिया पर लोग नोटों के बंडल को लेकर सवाल उठा रहे हैं और वीडियो चर्चा का विषय बना हुआ है।
गबन की जांच लगातार तेज
उधर, राम मंदिर में दान और चढ़ावे की राशि के गबन की जांच लगातार तेज हो रही है। एसआईटी की जांच में मंदिर के कुछ कर्मचारियों की भूमिका सामने आने की बात कही जा रही है। जांच एजेंसियों के अनुसार मंदिर प्रबंधन और कुछ कर्मचारियों के बीच गठजोड़ के संकेत भी मिले हैं। श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़ी दान राशि में गड़बड़ी करने वालों के खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी गई है।
अब तक की जांच में 79.85 लाख रुपये की दान राशि की चोरी का खुलासा होने की बात सामने आई है। हालांकि, जांच से जुड़े सूत्रों का दावा है कि गायब की गई कुल दान राशि करोड़ों रुपये तक हो सकती है और पूरे मामले की जांच अभी जारी है।