इंदौर कारोबारियों और बिल्डरों को धमकाकर वसूली की कोशिशों से जुड़े मामले में गिरफ्तार लारेंस बिश्नोई गिरोह के सदस्य राहुल उर्फ बाबा से पूछताछ में कई महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आई हैं। 25 हजार रुपये के इनामी आरोपी ने स्वीकार किया है कि वह अपने साथियों के साथ शहर के प्रमुख निर्माण व्यवसायी विवेक दम्मानी की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए इंदौर आता था।
प्रारंभिक पूछताछ और रिमांड अवधि पूरी होने के बाद उसे जेल भेज दिया गया है, लेकिन अब विशेष कार्य बल उसे दोबारा रिमांड पर लेकर पूछताछ की तैयारी कर रहा है। जांच में सामने आया है कि शहर के चर्चित बिल्डर विवेक दम्मानी और संजय जैन को गिरोह के सदस्य हैरी बॉक्सर के नाम से लगातार धमकियां दी जा रही थीं। इस मामले में अब तक 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।
संजय जैन से जुड़े प्रकरण सहित प्रदेशभर के लगभग एक दर्जन मामलों की जांच विशेष कार्य बल कर रहा है। इंदौर पुलिस ने भी संबंधित प्रकरण की जांच विशेष दल को सौंप दी है ताकि गिरोह के पूरे नेटवर्क का पता लगाया जा सके।
कई आपराधिक मामलों में नाम
राहुल बाबा का नाम पहले भी कई आपराधिक मामलों में सामने आ चुका है। कसरावद में एक कपास व्यापारी के घर पर हुई गोलीबारी की घटना में भी उसकी भूमिका उजागर हुई थी। पूछताछ के दौरान उसने स्वीकार किया कि वारदात को अंजाम देने के लिए उसने ही अपने लोगों को भेजा था। इस बयान के बाद जांच एजेंसियां प्रदेश में रंगदारी, धमकी और वसूली से जुड़े अन्य मामलों में भी उसकी भूमिका की पड़ताल कर रही हैं।
तकनीकी साक्ष्यों का परीक्षण जारी
गिरफ्तारी के समय आरोपी के पास से एक वाहन और मोबाइल फोन बरामद किया गया है। जांच दल उसके संपर्कों, बातचीत के विवरण और अन्य तकनीकी साक्ष्यों का परीक्षण कर रहे हैं। अधिकारियों का मानना है कि इन जानकारियों से गिरोह के संचालन और उससे जुड़े लोगों के बारे में महत्वपूर्ण तथ्य सामने आ सकते हैं। विशेष कार्य बल फिलहाल इस मामले के 5 अन्य आरोपियों से भोपाल में पूछताछ कर रहा है। आगामी दिनों में राहुल बाबा को भी उनके सामने बैठाकर पूछताछ की जाएगी, ताकि प्रदेश में सक्रिय इस गिरोह के पूरे तंत्र और उसकी गतिविधियों की स्पष्ट तस्वीर सामने आ सके।